छत्तीसगढ़, रायपुर से “सबके लिए विकास” महाअभियान का शुभारंभ होगा – आचार्य लोकेश

छत्तीसगढ़ के राज्यपाल व मुख्यमंत्री करेंगे राजभवन मे ‘सभी के लिए विकास’ सम्मेलन का उदघाटन

महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर अहिंसा विश्व भारती द्वारा छत्तीसगढ़ राजभवन में विशेष कार्यक्रम

नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ की राज्यपाल सुश्री अनुसुइया उइके एवं मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल रायपुर मे अहिंसा विश्व भारती संस्था द्वारा आयोजित ‘सभी के लिए विकास’ राष्ट्रीय सम्मेलन का उदघाटन करेंगे। गृह व सार्वजनिक निर्माण मंत्री ताम्रध्वज साहू समारोह के विशिष्ट अतिथि होंगे। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जन्म जयंती वर्ष के उपलक्ष में अहिंसा, शांति, सद्भावना और समानता के संदेश को जन जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से शांतिदूत आचार्य लोकेशजी के मार्गदर्शन मे अहिंसा विश्व भारती संस्था 20 दिसम्बर को सुबह 11:30 बजे छत्तीसगढ़ राजभवन के दरबार हाल में सम्मेलन का आयोजन करने जा रही है। उल्लेखनीय है कि पूरे भारत मे इस प्रकार के 25 सम्मेलनों का आयोजन अहिंसा विश्व भारती द्वारा किया जा रहा है।

अहिंसा विश्व भारती संस्था के संस्थापक आचार्य लोकेशजी ने बताया कि ‘सभी के लिए विकास’ राष्ट्रीय सम्मेलन जनमानस को जाति, धर्म व संप्रदाय से ऊपर उठकर सभी के लिए विकास की एक नई दिशा दिखाएगा। संस्था 25 सम्मेलनों का आयोजन करने जा रही है जिसके माध्यम से महात्मा गांधी की शिक्षाएं जन जन तक प्रसारित होंगी।  यह न केवल एक ऐतिहासिक कदम है बल्कि राष्ट्र निर्माण में अहम भूमिका भी निभाएगा।

आचार्य लोकेश ने बताया कि छत्तीसगढ़ के एतिहासिक शहर रायपुर में ‘सभी के लिए विकास’ राष्ट्रिय सम्मेलन विचार-मंथन प्रदेश के लिए उपयोगी सिद्ध होगा। उन्होने कहा कि विकास के समान अवसर जब सभी को नहीं मिलते है तब समाज मे असंतोष उत्पन्न होता है समाज मे व्याप्त हिंसा और खासकर नक्सलवादी हिंसा का एक बड़ा कारण है गरीबी, अभाव और असंतुलित विकास है इसके कारण से हमारे समाज में दो वर्ग उत्पन्न हो गए है एक गरीब और दूसरा अमीर किन्तु स्वस्थ समाज के लिए गरीबी व अभाव बाधक तो है ही किन्तु अत्यंत विलासितापूर्ण जीवन शैली भी समस्या उत्पन्न करती है। उन्होने कहा कि हिंसा और आतंक किसी समस्या का समाधान नहीं है हिंसा प्रतिहिंसा को जन्म देती है विकास के लिए शांति आवश्यक है समाज मे शांति व सद्भावना पूर्ण माहौल नहीं होगा तो निवेशक भी नहीं आएंगे। उन्होने अहिंसा विश्व भारती के कार्यकर्ताओ को आह्वान करते हुए कहा कि वे ऐसी कार्य-योजना तैयार करें जिससे प्रदेश मे कोई भी शिक्षा और चिकित्सा के लिए वंचित न रहे तथा आजीविका के संसाधन भी उन्हे संतुलित ढंग से मिल सके। ऐसा करके ही हम महात्मा गांधी के स्वस्थ  समाज संरचना के स्वप्न को साकार कर सकते है।

भारत के महामहिम राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविन्द ने 26 सितम्बर को राजधानी दिल्ली में अहिंसा विश्व भारती संस्था द्वारा महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर आयोजित इन 25 कार्यक्रम की शृंखला का उदघाटन किया था । संस्था ने अब तक महाराष्ट्र के मुंबई, गुजरात के सूरत, पंजाब के चंडीगढ़ मे कार्यक्रम आयोजित कर चुकी है महाराष्ट्र में केन्द्रीय मंत्री रामदास आठवले, गुजरात में राज्यपाल ओ. पी. कोहली एवं पंजाब में राजपाल वी.पी. सिंह बदनोर द्वारा उदघाटन किया गया था।

अहिंसा विश्व भारती द्वारा आगामी कार्यक्रमों के अनुसार जनवरी माह में मध्य प्रदेश राजभवन मे राज्यपाल लाल जी टंडन एवं फ़रवरी माह में केरल राजभवन मे राज्यपाल आरिफ़ मोहम्मद खान एवं मणिपुर राजभवन में राज्यपाल नजमा हेपतुल्ला द्वारा उदघाटन किया जाएगा।  संस्था इसी तरह, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, हरयाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, असम, ओड़ीशा, कर्नाटक, तमिलनाडू, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना सहित देश के लगभग सभी प्रांतो में एवं अंतिम कार्यक्रम में न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र संघ के मुख्यलाय पर आयोजित होगा।

सम्मेलन के संयोजक श्री प्रकाश लोढ़ा ने बताया कि रायपुर मे राष्ट्रीय सम्मेलन की तैयारियां ज़ोर शोर से चल रही है। आपसे निवेदन है कि 20 दिसम्बर को प्रात: 11:30 बजे राजभवन के दरबार हाल मे संगोष्ठी को कवर करने की कृपा करें।