विराट भक्ति सत्संग महोत्सव का पहला दिवस, ॐ गंगणपतये नमो नमः से गूंजा सेन्ट्रल पार्क

कानपुर। आज संध्याकाल शास्त्री नगर का सेन्ट्रल पार्क “ॐ गंगणपतये नमो नमः, सिद्धि विनायक नमो नमः” के सामूहिक गान से गूंज उठा। अवसर था विश्व जागृति मिशन के तत्वावधान में यहां आयोजित तीन दिवसीय विराट भक्ति सत्संग महोत्सव में सम्पन्न सांध्यकालीन बौद्धिक कक्षा का। मिशन प्रमुख सन्त श्री सुधांशु जी महाराज द्वारा कक्षा का श्रीगणेश ॐ गंगणपतये नमो नमः, सिद्धि विनायक नमो नमः के समूह गायन से किया। प्रथम पूज्य विघ्न विनाशक भगवान गणेश की सामूहिक वन्दना से सभी उपस्थितजन झूम उठे।

इस अवसर पर श्री सुधांशु जी महाराज ने माता और पिता को धरती के सबसे बड़े देवता की संज्ञा देते हुए कहा कि प्रभु श्री गणेश द्वारा अपने माता-पिता भगवान शिव एवं पार्वती की परिक्रमा को सम्पूर्ण पृथ्वी की परिक्रमा माना गया था। उन्होंने माता व पिता की सेवा करने की सभी को प्रेरणा दी और कहा कि दुनिया के हर वैभव को छोड़ा जा सकता है लेकिन माता-पिता को नहीं छोड़ा जा सकता। उन्होंने पितृ भक्त पुंडरीक की इतिहास घटना सुनाई और बताया कि पिता की भक्ति के बल पर एक तीर्थ की ही स्थापना भारतवर्ष में हो गई थी, जिसे पंढरपुर कहा जाता है। उन्होंने बताया कि पुंडरीक की भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान श्रीकृष्ण उनके पास दर्शन देने आए, लेकिन आखें बंद करके लेटे अपने पिता के पैर दबाकर उनकी सेवा कर रहे पुंडरीक उनका अभिनन्दन व प्रणाम नहीं कर सके। श्रीकृष्ण वहां पड़ी एक ईंट पर बैठ गए थे। पुंडरीक ने कहा था- भगवन! अपनी निशानी छोड़ जाना ताकि मैं अपने पिताजी को जागरण के बाद आपके आगमन की सूचना दे सकूं। महाराष्ट्र में ईंट को वीट कहा जाता है। इस कारण वहां बैठे श्रीकृष्ण ‘विट्ठल’ कहलाए।भगवान विट्ठल का इतिहास प्रसिद्ध मन्दिर वहां बना और पंढरपुर इस देश का ही नहीं, विश्व का प्रसिद्ध मन्दिर बन गया।उन्होंने सभी से हिंदुस्तान में फिर से तीन पीढ़ियों के ससम्मान सहजीवन की व्यवस्था बनाने का आह्वान देशवासियों से किया और कहा कि सभी परिवारों में बड़े-बुज़ुर्गों का सम्मान किया जाना चाहिए।

इसके पूर्व उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य श्री अरुण पाठक, भारतीय जनता पार्टी के महामन्त्री श्री सलिल विश्नोई, जेएमडी चैनल के प्रतिनिधि श्री मनोज पाण्डेय एवं ब्राह्मण सेवा समिति के संस्थापक श्री राजेश कुमार शुक्ल सहित कई गण्यमान व्यक्तियों ने श्री सुधांशु जी महाराज का अभिनंदन किया।

विश्व जागृति मिशन मुख्यालय नयी दिल्ली से आए स्टॉल प्रभारी श्री प्रयाग शास्त्री ने बताया कि सत्संग स्थल पर एक स्वास्थ्य शिविर लगाया गया है, जहाँ विशेष क्वांटम एनालाईज़र मशीन से पूरे शरीर के परीक्षण की सुविधा है। साथ ही यहाँ देवदूत (अनाथ) बाल शिक्षा, करुणासिन्धु अस्पताल, महर्षि वेदव्यास गुरुकुल विद्यापीठ, गोसेवा, वृद्धजन सेवा, युगऋषि आयुर्वेद, साहित्य, कैलास यात्रा, धर्मादा सेवा, मनाली साधना शिविर आदि के भी शिविर लगाए गये हैं।

मिशन के कानपुर प्रधान मास्टर आर.पी.सिंह ने बताया कि सामूहिक मन्त्रदीक्षा सोमवार, १६ अप्रैल को दोपहर १२ बजे होगी।