ग़ाज़ियाबाद विराट भक्ति सत्संग महोत्सव शुरू, गायत्री महामन्त्र के सामूहिक उच्चारण से गूंजा राम-जानकी क्षेत्र

ग़ाज़ियाबाद। उत्तर प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक नगर ग़ाज़ियाबाद में आज सायंकाल विराट भक्ति सत्संग महोत्सव का विधिवत श्रीगणेश हो गया। विश्व जागृति मिशन नयी दिल्ली एवं ग़ाज़ियाबाद मण्डल के तत्वावधान में आयोजित चार दिवसीय सत्संग समारोह के उद्घाटन सत्र में देश के प्रख्यात अध्यात्मवेत्ता श्री सुधांशु जी महाराज ने उपस्थित जनसमुदाय से कहा कि वे अपने जीवन में प्राण शक्ति के संवर्धन तथा अपनी व समाज की समुचित सेवा के लिए प्रचुर मात्रा में धन-समृद्धि की कामना और प्रार्थना करें। उन्होंने जनसमुदाय का भरपूर आध्यात्मिक मार्गदर्शन किया।

सन्त श्री सुधांशु जी महाराज ने देवात्मा हिमालय, सुरसरि भगवती गंगा तथा श्रीमद्भगवद्गीता की चर्चा की और कहा कि जिस तरह हिमालय और गंगा दुनिया में एक ही है, वैसे ही गीता भी इस विश्व में एक ही है। उन्होंने जीवन के विषाद को प्रसाद यानी प्रसन्नता में बदलने, टूटे हुये मन व कुल को जोड़ने, असफलता को सफलता में परिवर्तित करने तथा पराजय को विजय में परिणत करने के लिए गीता का अध्ययन करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि गीतानायक भगवान श्रीकृष्ण के ज्ञानामृत से अपने-आपको नियमित रूप से जोड़े रखने वाले व्यक्ति सफलता के उच्च शिखरों पर चढ़ते चले जाते हैं। बताया कि ‘गीता वर्ष 2018’ में भारत के प्रत्येक घर में श्रीमद्भगवद्गीता के भाष्य-ग्रन्थ की स्थापना की जा रही है।

इसके पूर्व विश्व जागृति मिशन के ग़ाज़ियाबाद मण्डल की ओर से श्री सुधांशु जी महाराज का भव्य अभिनंदन सत्संग मंच पर किया गया। मिशन प्रतिनिधियों ने व्यास पूजन का कार्यक्रम विशेष वेदमन्त्रों के सामूहिक उच्चारण के बीच सम्पन्न किया। श्रद्धेय महाराजश्री ने दीप प्रज्ज्वलन के साथ सत्संग महोत्सव का उद्घाटन किया। ग़ाज़ियाबाद मण्डल के प्रधान श्री सुरेन्द्र मोहन शर्मा ने बताया कि सत्संग समारोह का समापन 02 दिसम्बर की सायंकाल होगा। मिशन के वरिष्ठ अधिकारी श्री मनोज शास्त्री ने बताया कि कार्यक्रम में ग़ाज़ियाबाद सहित उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर), उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, राजस्थान एवं हैदराबाद आदि के ज्ञान-जिज्ञासु भारी संख्या में भाग ले रहे हैं।

ग़ाज़ियाबाद मण्डल के मिशन महामन्त्री श्री सत्येन्द्र सिंह ने बताया कि सत्संग स्थल पर अनेक महत्वपूर्ण स्टॉल लगाए गए हैं। इन स्टालों पर युगऋषि आयुर्वेद के कई उत्पाद एवं साहित्य आदि के अलावा वृद्धजन सेवा, गौसेवा, स्वास्थ्य सेवा, धर्मादा सेवा आदि कार्यक्रमों की जानकारी दी जा रही हैं। उन्होंने बताया कि आनन्दधाम नयी दिल्ली से आए मिशन प्रतिनिधि श्री प्रयाग शास्त्री इन स्टालों की प्रबन्धन व्यवस्था सम्भाल रहे हैं। डॉक्टर सुनील मुदगल के नेतृत्व में लगे स्वास्थ्य सेवा शिविर में क्वॉंटम एनालाइज़र मशीन से पूरे शरीर की जाँच कर स्वास्थ्य परामर्श भी सत्संग स्थल पर दिया जा रहा है।

विराट भक्ति सत्संग कार्यक्रम का मंचीय समन्वयन एवं संचालन विजामि के निदेशक श्री राम महेश मिश्र ने किया। इस मौक़े पर आनन्दधाम की संगीत टीम ने कई रोचक भजन प्रस्तुत किए।