बिना अनुमति के प्रदर्शन कर रहे लोगों के खिलाफ अधिवक्ता कमलेश तिवारी ने एसएसपी को दिया ज्ञापन

वाराणसी। पीएम नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी के शास्त्री घाट वरुणा पुल, थाना कैंट पर डी. एम.के आदेश (धारा 144) का खुलेआम उल्लंघन कर सैकड़ो की भीड़ को इकठ्ठा कर लोकतांत्रिक व्यवस्था में अभिव्यक्ति की आजादी के स्तम्भ व रक्षक मीडिया जगत पर विधि-विरुद्ध ढंग से हमला करते हुए जी न्यूज के सुविख्यात पत्रकार रोहित सरदाना की गिरफ्तारी की मांग को लेकर बिना अनुमति के प्रदर्शन करने वाली संस्था उम्मते मुसेलमा के पदाधिकारियों व जज्वादिया कालेज के मुदर्रिस मौलाना नदीम असगर व इमानिया अरबी कॉलेज के मुदर्रिस मौलाना शबीब व अन्य उपस्थित लोगों के विरुद्ध एफ.आई.आर. दर्ज कर कठोर दण्डात्मक कार्यवाही हेतु अधिवक्ता कमलेश चन्द्र त्रिपाठी द्वारा दिनांक-12-12-2017 को अधिवक्ताओ के हुजूम के साथ एस.एस.पी वाराणसी को प्रार्थना पत्र दिया गया।

एस.एस.पी द्वारा एस.पी.सिटी से जांच कराकर कार्यवाही का भरोसा दिया गया। साथ ही अधिवक्ताओ द्वारा प्रार्थना पत्र डी. एम.के प्रभारी ए.डी. एम.प्रोटोकॉल अरुण कुमार को प्रार्थना पत्र देकर कट्टरवादी संस्था उम्मते मुसेलमा को प्रतिबंधित करने व दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही हेतु भी प्रार्थना पत्र दिया गया। ए. डी. एम.प्रोटोकॉल द्वारा एस. पी. सिटी को कार्यवाही हेतु आदेशित किया गया। विदित हो कि उपरोक्त कार्यक्रम की अनुमति हेतु जुल्फिकार अली जैदी द्वारा ए. सी.एम.चतुर्थ को आवेदन किया गया था। परंतु ए. सी.एम.चतुर्थ द्वारा कार्यक्रम की अनुमति प्रदान नही की गई। उसके बावजूद कट्टरवादियों द्वारा धरना, प्रदर्शन नारेबाजी, भाषणबाजी धारा 144 तोड़कर की गई। प्रतिनिधिमंडल में अधिवक्ता अवनीश राय, अनूप सेठ, चन्द्रशेखर सिंह, अश्विनी राय, चंदन त्रिपाठी, डॉ. आनंद कुमार पांडेय, विनोद पटेल इत्यादि अधिवक्तागण सम्मिलित रहे।